पूर्णिमा यूनिवर्सिटी में व्यवसाय प्रबंधन में असीम संभावनाएं विषय पर वेबिनार

जयपुर। पूर्णिमा यूनिवर्सिटी की ओर से बुधवार को डिजिटल प्लेटफॉर्म पर पर बिल्डिंग फ्यूचर इन बीबीए एन ओसियन ऑफ़ ओपोरचुनिटीज विषय पर एक वेबिनार का आयोजन किया गया। वेबिनार में छात्रों और युवाओं ने वर्चुअल रूप से भाग लिया। सन्दर्भ व्यक्ति के रूप में लंदन से केपीएमजी की सीनियर ऑफिसर सुष्मिता सारस्वत ने भाग लिया। विभाग की हेड डॉ मोनिका ओझा खत्री के संयोजन में आयोजित इस वेबिनार में सुष्मिता सारस्वत ने कहा की बैचलर ऑफ बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन छात्रों के बीच लोकप्रिय पाठ्यक्रम हैं। बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन कोर्स उम्मीदवारों को विशेष रूप से कॉर्पोरेट दुनिया के मैनेजमेंट के क्षेत्र में प्रवेश करने की कला सिखाता है। यह डिग्री बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन और मैनेजेरियल फंक्शन को प्रभावी ढंग से चलाने के लिए आवश्यक स्किल्स प्रदान करती है।उन्होंने विधार्थियों को बताया की बीबीए डिग्री के साथ सॉफ्टवेयर का ज्ञान आपके आत्मविश्वास को बढ़ाएगा और आपको कॉर्पोरेट जगत में प्रवेश करने के लिए तैयार करेगा। यह आपके कौशल को भी बढ़ाएगा और भविष्य की बाजार चुनौतियों के लिए आपको कुशल बनाएगा। बीबीए ग्रेजुएट्स के लिए नौकरी के ढेरों अवसर उपलब्ध हैं। विशिष्ट होने के लिए, बीबीए स्नातक प्रबंधन प्रशिक्षुओं के रूप में कंपनियों के बिक्री और विपणन विभाग में नौकरियों की तलाश कर सकते हैं। कुछ वर्षों के कार्य अनुभव के साथ बीबीए की डिग्री
निश्चित रूप से आपको किसी भी संगठन में नेतृत्व की स्थिति में ले जाएगी।पूर्णिमा यूनिवर्सिटी के कुलपति सुरेश चंद्र पाधि ने विभिन्न पाठ्यक्रमों की जानकारी दी और बताया कि विकास के लिए प्रबंधन और प्रशासनिक कौशल सबसे महत्वपूर्ण हैं। बिज़नेस प्रबंधन के छात्र को उपलब्ध संसाधनों का इष्टतम उपयोग करना और संबंधित व्यवसाय को तेजी से विकसित करने में मदद करना चाहिए। एक तरफ आपको किसी कंपनी के लेखांकन, वित्त, विपणन और तकनीकी पहलुओं को संभालने के लिए पता होना चाहिए और दूसरी ओर आपको असाधारण लोगों के प्रबंधन कौशल के साथ-साथ महत्वपूर्ण रणनीतिक निर्णय लेने में भी पारंगत होना चाहिए। उन्होंने कहा पूर्णिमा यूनिवर्सिटी में इन सभी पहलुओं का विशेष ध्यान रखा जाता है।
इस अवसर पर डॉ मोनिका ओझा खत्री ने अतिथियों का स्वागत करते हुए विधार्थियों के प्रश्नों के जवाब दिए और बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन की मूल अवधारणा से अवगत कराया।